
हिसार.
प्रदेश में नया पश्चिमी विक्षोभ मंगलवार रात से सक्रिय होगा। इसके चलते बुधवार को प्रदेश में वर्षा का आरेंज और यलो अलर्ट जारी किया गया है। मौसम में परिवर्तन छह जून तक रहेगा। अभी कुछ दिन से मौसम साफ रहने और गर्मी अधिक होने से सिरसा सबसे ज्यादा गर्म रहा। यहां का तापमान 41.2 डिग्री तक पहुंच गया।
भारत मौसम विज्ञान विभाग के अनुसार तापमान में लगातार उतार-चढ़ाव हो रहा है। हाल ही में तीन दिन से वर्षा नहीं होने से अधिकतम तापमान में फिर से वृद्धि दर्ज की गई है।
सिरसा का तापमान कितना?
इसके चलते सिरसा का तापमान 41.2 डिग्री तक पहुंच गया। वहीं बाकी जिलों का तापमान 36 डिग्री के आसपास चल रहा है। अब मंगलवार रात से पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने से फिर से तेज व हल्की वर्षा होने की संभावना है, जिससे तापमान में कमी आएगी। छह जून तक तापमान में ऐसे बदलाव होने से आने वाले दिनों में गर्मी से राहत मिलेगी। इस समय किसान भी फसलों की बिजाई कर रहे हैं तो यह उनके लिए लाभकारी हो सकती है।
वर्षा का अलर्ट:
ऑरेंज अलर्ट : सिरसा, फतेहाबाद, हिसार, भिवानी, चरखी दादरी, महेंद्रगढ़ और रेवाड़ी।
यलो अलर्ट : कैथल, जींद, पानीपत, सोनीपत, रोहतक, झज्जर, गुरुग्राम, फरीदाबाद, मेवात व पलवल
तापमान (डिग्री सेल्सियस में)
जिला न्यूनतम तापमान अधिकतम तापमान
अंबाला 24.8 37.9
भिवानी 22.5 36
फरीदाबाद 26.4 36.4
गुरुग्राम 23.4 36.2
हिसार 25.3 38.2
करनाल 23.7 35.2
नारनौल 22 36.5
सिरसा 26.4 41.2
सामान्य तिथि से लगभग तीन दिन की देरी के साथ मानसून चार जून को केरलम पहुंच सकता है। अरब सागर और बंगाल की खाड़ी में बनी अनुकूल परिस्थितियों के कारण मानसून तेजी से आगे बढ़ रहा है और अगले कुछ दिनों में इसके केरलम में प्रवेश करने की संभावना है। इसके साथ ही दक्षिण भारत के कई राज्यों में भारी से बहुत भारी बारिश का दौर शुरू हो सकता है। आमतौर पर मानसून एक जून के आसपास केरलम पहुंचता है। यहीं से देश में चार महीने के वर्षा मौसम की शुरुआत मानी जाती है।
इस बार मौसम विभाग (आइएमडी) ने पहले 26 मई को मानसून आने का अनुमान जताया था, मगर परिस्थितियां अनुकूल नहीं बनने के कारण इसकी रफ्तार धीमी पड़ गई। अब विभाग का कहना है कि चार जून के आसपास केरलम में मानसून की दस्तक हो सकती है। उत्तर भारत में भी बुधवार से मौसम का मिजाज बदल सकता है। मौसम विभाग ने उत्तर-पश्चिम, मध्य और पूर्वी भारत के लिए भी राहत के संकेत दिए हैं। दिल्ली, राजस्थान, पंजाब, हरियाणा, उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश और बिहार समेत कई राज्यों में मौसम का रुख बदल सकता है।











