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जमशेदपुर के नामी स्कूल में खूनी झगड़ा, 7वीं के बच्चे ने साथी को मारा बका

जमशेदपुर.

सिदगोड़ा थाना क्षेत्र स्थित रामकृष्ण मिशन स्कूल में मंगलवार को सातवीं कक्षा के दो छात्रों के बीच हुआ मामूली विवाद देखते ही देखते हिंसक झगड़े में बदल गया। झगड़े के दौरान एक छात्र ने दूसरे छात्र पर चापड़ से हमला कर दिया, जिससे स्कूल परिसर में अफरा-तफरी मच गई। इस घटना में एक छात्र घायल हो गया।

घटना की जानकारी मिलते ही स्कूल के शिक्षक और कर्मचारियों ने तत्काल हस्तक्षेप कर दोनों छात्रों को अलग किया और स्थिति को नियंत्रित किया। इसके बाद सिदगोड़ा थाना की पुलिस को सूचना दी गई। सूचना पाकर पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों छात्रों को अपने साथ थाना ले गई, जहां उनसे पूछताछ की गई। हमला करने वाले छात्र ने चापड़ को अपने मोजे में छिपाकर रखा था। किसी बात को लेकर दोनों छात्रों के बीच विवाद हो गया था। पुलिस ने घटनास्थल से चापड़ बरामद कर लिया है। घायल छात्र को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उसकी हालत स्थिर बताई गई।

इलाज के बाद छात्र को पुनः स्कूल लाया गया। पुलिस ने दोनों छात्रों के अभिभावकों को थाना बुलाया। आपसी बातचीत के बाद और बच्चों के भविष्य को ध्यान में रखते हुए अभिभावकों ने आपसी सहमति से मामले में सुलह कर ली। हालांकि, स्कूल प्रबंधन ने इस घटना को अनुशासनहीनता का गंभीर मामला मानते हुए दोनों छात्रों को नोटिस जारी किया है। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि छात्र के पास चापड़ कैसे पहुंचा और विवाद की असली वजह क्या थी। गौरतलब है कि शहर में हाल के दिनों में चापड़बाजी की घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं। इससे पहले कदमा थाना क्षेत्र और बिष्टुपुर स्थित मोतीलाल नेहरू पब्लिक स्कूल में भी छात्रों के आपसी विवाद के दौरान इस तरह की घटनाएं हो चुकी हैं।

चापड़ क्या है और क्यों खतरनाक?
चापड़ (या चापड़बाजी) एक छोटा, छिपाने में आसान तेज धार वाला हथियार है, जो अक्सर स्कूलों में छात्रों के बीच झगड़ों में इस्तेमाल होता है। यह चाकू से भी ज्यादा खतरनाक हो सकता है क्योंकि इसे आसानी से छिपाया जा सकता है और एक झटके में गहरी चोट पहुंचा सकता है। शहर में हाल के महीनों में ऐसी घटनाएं बढ़ रही हैं, जो जुवेनाइल हिंसा और स्कूल सेफ्टी की बड़ी समस्या दर्शाती हैं।

जमशेदपुर में गलत ट्रेंड
यह पहली घटना नहीं है। हाल ही में कदमा थाना क्षेत्र और बिष्टुपुर के मोतीलाल नेहरू पब्लिक स्कूल में भी छात्रों के विवाद में चापड़/चाकू जैसी घटनाएं सामने आई हैं। इससे साफ है कि शहर के कुछ स्कूलों में छोटे-छोटे विवाद हिंसक रूप ले रहे हैं, जिसके पीछे एंगर मैनेजमेंट की कमी, पीयर प्रेशर, सोशल मीडिया प्रभाव या घरेलू माहौल जैसी वजहें हो सकती हैं।

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